ब्रेकिंग न्यूज़

नगर में भटकते गोवंश को नही मिलेगी पनाह,एमयोयु गोशाला में होगा सघन वृक्षारोपण,

“वृक्ष हैं तो हम हैं, गौसेवा और पर्यावरण संरक्षण हमारी जिम्मेदारी” — मंत्री ओटाराम देवासी

“खेजड़ी सहित 29 पेड़-पौधों के संरक्षण के लिए बनेगा कानून” — प्रभारी मंत्री के.के. विश्नोई

अर्बुदा गौशाला में शेड निर्माण के लिए 21 लाख रुपए की घोषणा

सिरोही(हरीश दवे) ।

दिवंगत राज माता व स्वतंत्रता सेनानी व सिरोही के सपूत स्व गोकुल भाई भट्ट द्वारा स्थापित व करीब 5000 बीघा खातेदारी की हजारो बीघा लंबे अंतराल से अतिक्रमणों की चपेट में है।
विगत दशको में जिला कलेक्टर अध्यक्ष व तहसीलदार सचिव की कमिटी में 1980 के बाद पतन की ओर अग्रसर अर्बुदा गॉशाला को भाजपा बोर्ड के समय नगर परिषद व अर्बुदा सलाहकार समिति व अर्बुदा गॉशाला की राजनीति से जुड़े तत्वों ने इसके विधान में बदलाब कर नई समिति पंजीकृत करवाई व नगर परिषद के बेचे कांजी हाउस का गॉवंश अर्बुदा गॉशाला में रखा व अनेक विकास हुए व नन्दी गॉशाला का उपक्रम पूर्व गोपालन राज्य मंत्री के समय चला व अर्बुदा गॉशाला अनेक विवादों का शिकार हुई।
व सत्ता परिवर्तन के बाद कोंग्रेस की सरकार आई व निर्दलीय विधायक व कोंग्रेस के बोर्ड ने नन्दी गॉशाला के नाम एक निजी संस्था के साथ नन्दियो को रखने व नगर के बेसहारा गोवंश को रखने का करार किया व राज्य सरकार ने इसके लिए फण्ड के साथ करीब 1700 बीघा भूमि का एमयोयु किया।
व निजी गॉशाला ने जाति विशेष को प्रधानता देते हुए लोकल व 36 कौम को नजरअंदाज करते हुए सदस्य भी चुन लिए जिससे लोकल जनो की भावना आहत हुई।
पर गोवंश व नन्दी संवर्धन व गोसेवा के लिए कार्यरत गोशाला ने नगर व जिले के भटकते गॉवंश को अपनाने व सरंक्षण का कोई उपक्रम नही किया।आज पूरी सिटी में गॉवंश पॉलीथिन खा कर अधमरा हो रहा है।
लम्पि व बीमार पशुओं की तिमार दारी भी जर्जर भवन में हो रही है।
आज नगर वासी 1700 बीघा की अर्बुदा भूमि की खातेदारी में संस्था द्वारा 25 हजार पौधे लगाने का कार्यक्रम तय किया है।
इससे पूर्व भी एक अर्बुदा गोशाला उद्धारक कालका तपोवन में ऐसे ही वृक्षारोपण अभियान कर के गया था।
पर खातेदारी भूमि के न अतिक्रमण हटे, न अर्बुदा गॉशाला का सीमाज्ञान जिला प्रशाशन करवाता सका।
व मैच फिक्सिंग राजनीति पूर्व विधायक संयम लोढा एमयोयु गॉशाला के हाल नही सुधरवा सके।
न प्रभारी मंत्री केके विश्नोई,राज्य मंत्री ओटाराम देवासी गत कोंग्रेस सरकार में हुए इस एमयोयु की समीक्षा करवा सके।
आज अर्बुदा गौशाला के प्रांगण में स्व. श्री दलपतजी राजपुरोहित मण्डवारिया की पुण्य स्मृति में प्रकृति संरक्षण एवं पर्यावरण संवर्धन के उद्देश्य से रविवार को “एक पेड़ माँ के नाम” के तहत 25 हजार पौधे के संकल्प के साथ वृक्षारोपण समारोह आयोजित हुआ। कार्यक्रम श्रीगोधाम महातीर्थ पथमेड़ा द्वारा संचालित श्री अर्बुदा गो नन्दी तीर्थ, अर्बुदा गोशाला एवं भारत विकास परिषद्, सिरोही के संयुक्त तत्वावधान में हुआ। जिसमे इनके सदस्यों की उपस्थिति व स्कूली छात्र आये। श्रीपतिधाम के संस्थापक गोविंद बल्लभदास महाराज के सानिध्य में आयोजित समारोह में अतिथियों ने गौपूजन किया तथा पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया।
जालोर-सिरोही सांसद लुम्बाराम चौधरी ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण करना प्रत्येक व्यक्ति का कर्तव्य है। उन्होंने कहा कि वे किसान हैं और किसानों के बीच जाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हैं।

प्रभारी मंत्री के.के. विश्नोई ने कहा कि मुख्यमंत्री का पर्यावरण के प्रति सदैव प्रेम रहा है। राजस्थान ट्री एक्ट बनाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है तथा कैबिनेट की मंजूरी भी मिल चुकी है। खेजड़ी सहित 29 पेड़-पौधों के संरक्षण के लिए कानून बनाने की दिशा में सरकार आगे बढ़ रही है। उन्होंने युवाओं में संस्कारों की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि माता-पिता और युवाओं को इस विषय पर गंभीरता से विचार करना होगा।

राज्यमंत्री ओटाराम देवासी ने कहा कि वृक्ष हैं तो हम हैं। उन्होंने गोपालन विभाग के अपने कार्यकाल का उल्लेख करते हुए बताया कि गोसेवा के लिए अनुदान की व्यवस्था को मजबूत किया गया है। उन्होंने परम पूज्य गोविंद बल्लभदासजी महाराज एवं दत्तशरणानंदजी महाराज की प्रेरणा को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि उनके मार्गदर्शन से गौसेवा के क्षेत्र में अनेक कार्य आगे बढ़े। उन्होंने बताया कि गौसेवा के लिए करीब 1400 करोड़ रुपए की व्यवस्था की जा रही है। आने वाले समय में अंग्रेजी बबूल को हटाने के लिए भी सरकार मंथन कर रही है। देवासी ने अर्बुदा गौशाला में शेड निर्माण के लिए विधायक कोष से 21 लाख रुपए देने की घोषणा की।

श्रीपतिधाम के संस्थापक परम पूज्य गोविंद बल्लभदासजी महाराज ने कहा कि जिस प्रकार वस्त्र एवं आभूषण मनुष्य की शोभा बढ़ाते हैं, उसी प्रकार पेड़-पौधे प्रकृति की शोभा बढ़ाते हैं। धरती माता का श्रृंगार करना सभी का कर्तव्य है। हरियाली बढ़ने से वातावरण अनुकूल रहता है। उन्होंने प्रधानमंत्री के “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान का उल्लेख करते हुए लोगों से अपनी मां के नाम पर पौधा लगाने का आह्वान किया।

जिला प्रमुख अर्जुन पुरोहित ने भी गोसरक्षण व संवर्धन में राज्य सरकार की योजनाओं से अवगत कराया।

कार्यक्रम में प्रभारी मंत्री के.के. विश्नोई, राज्यमंत्री ओटाराम देवासी, सीमा जन कल्याण के संगठन मंत्री सरूपदानजी भाईसाहब, सांसद लुम्बाराम चौधरी, जिला महामंत्री गणपत सिंह, जिला प्रमुख अर्जुन पुरोहित, नारायण पुरोहित मण्डवारिया, पथमेड़ा के कार्यकारी अध्यक्ष रघुनाथसिंह शिवतलाव, गोपाल गोवर्धन गोशाला अध्यक्ष भूराराम पुरोहित, संचालन समिति अध्यक्ष रघुभाई माली, भरत सिंह बसंत, बार एसोसिएशन अध्यक्ष भंवर सिंह, प्रदेश कार्यसमिति सदस्य वीरेंद्र सिंह चौहान, भारत विकास परिषद् सचिव मदन सिंह परमार, संयुक्त निदेशक पशुपालन डॉ. चंद्रमुनि, एसीआईडी चारण, भाजपा महिला नेत्री हेमलता पुरोहित एवं सीईओ कैलाश दान, अशोक पुरोहित आदर्श सहित सैकड़ों नागरिक, गोभक्त एवं समाजसेवी भी मौजूद रहे।
कार्यक्रम में प्रभारी मंत्री व राज्य मंत्री द्वारा बजट स्वीकृत डेरी उधोग जो जिले में स्वीकृत हुआ है।
उस पर राज्य मंत्री ओटाराम देवासी द्वारा घोषणा नही करने व बेसहारा गोधन की समस्या के समाधान में कोई कोई कदम नही उठाने पर उपस्थित जनो को निराशा हुई।

संपादक भावेश आर्य

Related Articles

Back to top button