अधिकारियों के फिडबेक के भरोसे प्रभारी मंत्री व प्रभारी सचिव, जमीनी हकीकत से अंजान

सिरोही(हरीश दवे) ।

आम जनता की भलाई और धरातल पर जनसमस्याओं के निराकरण को लेकर जिले के प्रभारी मंत्री, सचिव के कुछ घंटों के दौरे की बैठकें जिला अधिकारियों के साथ होती है प्रभारी मंत्री,प्रभारी सचिव, जिला अधिकारियों पर भरोसा कर उनके द्वारा दिए फिडबेक से संतुष्ट होकर जयपुर लोट जातें है
लेकिन धरातल पर जनता की समस्या जस की तस बनी हुई है
काश जिला प्रभारी मंत्री सचिव जिले में उपखंड स्तर एवं जिला मुख्यालय पर आला अधिकारियों को साथ में रखकर एक एक दिन की खुलें में जनसुनवाई करते या जिले की जमीनी हकीकत से रूबरू होने के लिए अस्पतालों के अन्दूरुनी मरीजों की तकलीफों को जानते नगर परिषद, नगरपालिकाओं पंचायतों की सच्चाई देखते घटिया निर्माण सड़कों का अवलोकन करते सीवरेज से हो रही परेशानी से अवगत होते जिला मुख्यालय के रोडवेज बस स्टैंड की स्थिति और दूरगामी बंद की बसों की सच्चाई जानते पर्याप्त शुद्ध जल की स्थिति देखते नदी नालों तालाबों के रखरखाव एवं अतिक्रमण देखते अर्बुदा गोशाला के इकरार के बाद शहर में घूमते बेसहारा गोवंश से हो रही परेशानी देखते।
शहर में नगर परिषद सिरोही को करोड़ों का चुना लगाकर अवैध व नियमों विरुद्ध बिना पार्किंग के कोम्प्लेक्स पर नजर डालते बिलानाम भूमि पर चल रही कालेज और उसको मिली मान्यता को देखते बिना सुरंग का उपयोग किए टोल राशि वसूलने पर संज्ञान लेते शहर के ब्लेक स्पाॅट के कारण हो रही दुर्घटना पर पीडब्ल्यूडी से सवाल करते
गोयली रोड़ पर स्थित मुख्यमंत्री जन आवास योजना में में निर्मित प्लेटों की क्वालिटी देखते अभी तक गरीब लोगों को क्यों नहीं आवंटन हुए सच्चाई जानते राजीव नगर आवासीय योजना को खुर्दबुर्द करने के खेल को देखते टाउन हॉल के निर्माण की क्वालिटी और देरी का कारण जानते अम्बेडकर भवन और सामुदायिक भवनों से आमजन की सुविधाओं से वंचित कर अन्नपूर्णा योजना की हकीकत जानते जावाल में हुएं फर्जी पटृटे पर एक्शन लेते नगर परिषद सिरोही में फर्जी पटृटे खरिद घोटाले पर एक्शन लेते मादक पदार्थों पर एक्शन के अभियान का रोड मेप बनता
नगर परिषद सिरोही में आयुक्त आर आई कनिष्ठ अभियंता लिपिक के अभाव में जनता को हो रही तकलीफों से राहत दिलाते
अफसोस आम जनता को जमीनी स्तर पर हो रही तकलीफों को समझने और समाधान देने के लिए जमीनी स्तर पर सच्चाई जानने का समय प्रभारी मंत्री के पास है ना प्रभारी सचिव के पास जो समस्या जनता दिखानी चाहतीं वो देखना नहीं चाहते वहीं देख रहे हैं जो अधिकारी प्रजेंटेशन कर रहे हैं जो ना सरकार के हित में है ना आम आदमी के हित में है
प्रभारी मंत्री को जिले की सत्तारूढ़ पार्टी के नेता व जन प्रतिनिधियों ने भी जन समस्याओं की सुनवाई के प्रति जैसे आंख मूंद रखी है। उन्हें जमीनी हकीकत स्वयं देखकर जनता को राहत दिलवाने की पहल करनी चाहिए
आज शहर में सीवरेज कार्यो व अतिक्रमणों के बाद अनेक गलियों में नालियां पूरी तरह अवरुद्ध हो गई है।
आम जन के घरों में जल भराब नगर परिषद के सामने शाहजी की बॉडी में हो रहा है।
पर सुनवाई करने वाला नही है।
पीएम मोदी सरकार की योजनाएं एक पेड़ मा के नाम व हरियालो राजस्थान का भौतिक सत्यापन किया जाए तो स्तिथि कुछ और ही कहती है।
जिले के प्रभारी सचिव तो स्वयं स्वायत्त शासन विभाग राजस्थान के निदेशक है और उनके प्रभार वाले सिरोही जिले की नगर परिषद सिरोही में आयुक्त आर आई कनिष्ठ अभियंता लिपिक के पद रिक्त हैं आबू ईओ को अतिरिक्त कार्यभार दिया है वे आते नहीं परिषद में भ्रष्टाचार चरम पर है जिनमें नगर परिषद के कुछ लोग शामिल हैं !
ओर प्रभारी सचिब बंदे गंगा जल सरंक्षण अभियान का आगाज अखेलाव तालाब से कर के गए व उन्होंने झोप नाले से तालाब में गंदा पानी रोकने व अखेलाव तालाब के अतिक्रमण हटाने को उच्चाधिकारियों को निर्देशित किया।
लेकिन उनके आदेश भी हवा हो गए


संपादक भावेश आर्य



