संयुक्त व्यापार महासंघ का जिला स्तरीय कार्यक्रम हुआ संपन्न,सिरनवा व्यापार संघ ने किया बहिष्कार

सिरोही(हरीश दवे) ।

जिला स्तरीय संयुक्त व्यापार संघ सिरोही का स्नेह मिलन कार्यक्रम मुख्य अतिथि राष्ट्रीय व्यापार कल्याण बोर्ड भारत सरकार अध्यक्ष सुनील जे. सिंघी, राज्य मंत्री राजस्थान सरकार ओटाराम देवासी, जिला पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार बेनीवाल, भाजपा जिलाध्यक्ष रक्षा भंडारी, आयकर अधिकारी दीपाराम घणदे, वाणिज्य कर हिन्दुसिंह सोडा, असिस्टेंट कमिश्नर स्टेट जीएसटी की अध्यक्षता में दीप प्रज्वलन के साथ प्रारंभ हुआ। कार्यक्रम में उपस्थित जनो को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय व्यापार कल्याण बोर्ड अध्यक्ष सुनील जे सिंघी ने कहा कि व्यापारी किस स्थिति में अपने व्यवसाय करता है और भारत सरकार द्वारा किस योजना के तहत व्यापारियों को लाभान्वित किया जाता है जिसकी समुचित जानकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष द्वारा व्यापारियों को दी गई कार्यक्रम में आये जिले के समस्त व्यापारियों द्वारा व्यवसाय करते समय किन-किन परिस्थितियों से गुजरना पड़ता है सभी की जानकारी अधिकारियों के सामने एक-एक कर साझा की।
राज्य मंत्री ओटाराम देवासी ने कहा की व्यापारी, उधोगपति देश के विकास के अहम सहभागी है।
उन्होंने कहा की राजस्थान सरकार उधोग व व्यापार के बढ़ावे के लिए कृत संकल्प है।
जिला स्तरीय व्यापारियों ने स्नेह मिलन में हिस्सा लिया जिसमें माउंट आबू, आबूरोड, स्वरूपगंज, रोहिडा, धनारी, पिण्डवाड़ा, वीरवाड़ा, झाडोली, रेवदर, मण्डार, अनादरा, सिरोड़ी, कृष्णगंज, सिन्दरथ, जावाल, बरलूट, कालन्द्री, कैलाशनगर, शिवगंज, पालड़ी, पोसालिया, अरठवाडा, से व्यापारियों ने कार्यक्रम शिरकत की।
कार्यक्रम के आखिर में रास्ट्रीय व्यापार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष सुनील सिंघी ने उपस्थित जनो को एक भारत श्रेस्ठ भारत की शपथ दिलाई।
सिरनवा व्यापार संघ ने किया बहिष्कार
उधर नगर के प्रमुख व्यापार संघ सिरणवा व्यापार संघ एवं श्री सराफा व्यापार संघ ने संयुक्त व्यापार संघ की जिला स्तरीय सिरोही की कार्यकारिणी समिति एवं मीटिंग का बहिष्कार किया। सिरणवा व्यापार संघ एवं सराफा संघ के अध्यक्ष राजेंद्र रावल एवं मुकेश सोनी ने बताया कि संयुक्त व्यापार संघ जिला स्तरीय के नाम से शहर में तथाकथित स्वघोषित कार्यकारिणी गठित की एवं मीटिंग रखी। इसका दोनों संघों को कोई जानकारी नहीं होने पर एवं बिना सहमति आयोजन किया। जबकि, ये संस्था रजिस्टर्ड है, जिन्हें नजरअंदाज किया। ऐसे में दोनों संघों की ओर से कार्यकारिणी समिति एवं मीटिंग का विरोध किया एवं बहिष्कार किया। दोनों संघ सदस्य इस समिति एवं मीटिंग से बाहर रहे एवं भविष्य में किसी भी प्रकार की मान्यता नहीं देंगे।


संपादक भावेश आर्य



