वीबी – जीरामजी योजना से गांवो में आएगी रोजगार और आत्मनिर्भरता की नई क्रांति : राज्यमंत्री देवासी

कांग्रेस नेता लोगों को भ्रमित कर जीरामजी का दुष्प्रचार कर रहे हैं : सांसद चौधरी
मनरेगा से बेहतर है जीरामजी योजना, आवश्यक सुधारो से समग्र विकास की दिशा में ऐतिहासिक व दूरदर्शी कदम उठाए
प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में डिजिटल कनेक्टिविटी व सुधार से बुनियादी ढांचे में अभूतपूर्व सुधार किए गए जिससे योजनाओं का लाभ सीधे वास्तविक लाभार्थियों तक पहुंचेगा।
सिरोही (हरीश दवे) ।

वीबी – जीरामजी योजना को लेकर राज्यमंत्री ओटाराम देवासी, सांसद लुम्बाराम चौधरी व भाजपा जिलाध्यक्ष डॉ रक्षा भंडारी ने प्रेस वार्ता करते हुए कहा कि मोदी सरकार ने रोजगार गारंटी को 100 दिन से बढ़ाकर 125 दिन किया है जिससे श्रमिकों की वार्षिक आय में वृद्धि होगी। उन्होंने कहा कि बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण एवं उपस्थित प्रणाली से फर्जी श्रमिको, डुप्लीकेट जॉब कार्ड और फर्जी भुगतान पर रोक लगेगी। वेतन एवं भत्तों का सीधा डिजिटल भुगतान (डीबीटी) होने से बिचौलियों, देरी और धन के दुरुपयोग पर रोक लगेगी। उन्होंने कहा कि विकसित भारत रोजगार एवं आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण) यानी वीबी – जीरामजी योजना को मनरेगा के मुकाबले बेहतर योजना बताते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी व उसके नेता लोगों को सिर्फ भ्रम में डालकर जीरामजी योजना का दुष्प्रचार कर रहे हैं जबकि योजना में श्रमिकों के कल्याण और गांवो के समग्र विकास की दिशा में ऐतिहासिक और दूरदर्शी कदम उठाए गए हैं। नए प्रावधानों से श्रमिकों की दशा व दिशा बदलेगी।
उन्होंने कहा कि विकसित भारत जी रामजी केवल रोजगार का वादा नहीं बल्कि स्थाई आजीविका की गारंटी है। यह योजना ग्रामीण भारत को आत्मनिर्भर बनाकर विकसित भारत की नींव को मजबूत करेगी। देश के गरीब, जनजाति और पिछड़ा वर्ग को रोजगार मिले।
रविवार को स्थानीय सर्किट हाउस में आयोजित प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए कांग्रेस व उसके दुष्प्रचार को आड़े हाथों लेकर भाजपा ने कहा कि कांग्रेस शासन में मनरेगा भ्रष्टाचार का केंद्र बनी हुई थी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विकसित भारत 2047 के राष्ट्रीय विजन के अनुरूप ग्रामीण विकास का नया ढांचा तैयार हो रहा है। इस कानून में पुराने प्रावधानों को संशोधित करते हुए गांवो को अधिक अधिकार और स्वायत्तता दी गई है।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार द्वारा लाया गया विकसित भारत रोजगार और आजीविका मिशन (ग्रामीण) गारंटी अधिनियम 2025 ग्रामीण विकास की दिशा में ऐतिहासिक कदम है। इसके माध्यम से मनरेगा की अनियमिताओं को तकनीक का उपयोग कर दूर किया जाएगा साथ ही इससे ग्रामीण क्षेत्रों में आधारभूत संरचनाओं को भी मजबूती मिलेगी। कहा कि ग्रामीण विकास का यह नया संकल्प रोजगार की नई गारंटी साबित होगा। नए प्रावधान मनरेगा को नकारने के आरोप राजनीति से प्रेरित दिखते है जबकि उससे आगे बढ़ाने की इसमें पहल की गई है। यह रोजगार गारंटी तब सार्थक होगी जब वो स्थाई परिसंपत्तियों, आजीविका और ग्रामीण अवसंरचना के निर्माण से जुड़ी हो।
उन्होंने कहा कि 125 दिनों की वैधानिक रोजगार गारंटी के साथ पहले की तुलना में अधिक व्यापक आजीविका सुरक्षा सुनिश्चित की गई है। बेरोजगारी भत्ता अब केवल कागजी प्रावधान नहीं अपितु स्पष्ट समय सीमा और दायित्व के साथ जवाबदेही को सुनिश्चित करेंगे। निश्चित रूप से इसमें मजदूर के काम की असली कद्र, मेहनत का समय पर सम्मान, पारदर्शी और भरोसेमंद व्यवस्था का ध्यान रखते हुए मजदूर व किसानों को इसमें बड़ा संबल दिया गया है। भाजपा जिला मीडिया प्रभारी रोहित खत्री ने बताया कि इस मौके पर वीबी जी राम जी के जिला संयोजक मदनसिंह थल, सहसंयोजक सूरजपाल सिंह, हिदाराम माली, जिला महामंत्री गणपतसिंह राठौड सहित भाजपा पदाधिकारी मौजूद थे।

संपादक भावेश आर्य



