
सिरोही(हरीश दवे)।

राज्य स्तरीय सैनिक कल्याण सलाहकार समिति के उपाध्यक्ष रामसहाय बाजिया ने जिला सैनिक कल्याण विभाग पाली द्वारा सिरोही के कृषि के आत्मा सभागार में आयोजित सैनिक संवाद एवं सम्मान कार्यक्रम में पूर्व सैनिकों एवं उनके आश्रितों के कल्याण से जुड़ी योजनाओं पर चर्चा करते हुए पूर्व सैनिकों और उनके परिजनों को बताया कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के नेतृत्व में राज्य सरकार उनके कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है।
बैठक में बाजिया ने कहा कि मुख्यमंत्री गहलोत ने हमेशा सैनिक एवं उनके परिजनों का सम्मान किया है। देश की रक्षा करने वाले सैनिक को समाज सम्मान देता है और इसी भावना से सैनिक देश की रक्षा के लिए तत्पर रहता है। बाजिया ने राज्य सरकार द्वारा सैनिकों, सेवानिवृत सैनिकों एवं उनके परिजनों के लिए उठाए जा रहे कल्याणकारी कदमों की जानकारी देते हुए कहा कि सैनिकों से संबंधित समस्याओं पर राज्य सरकार संवेदनशीलता के साथ कार्य कर रही है।
बाजिया ने राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देते हुए कहा कि राजस्थान के सैनिक के फिजिकल कैजुअल्टी में परिवार के एक व्यक्ति को अनुकंपा नौकरी, राजस्थान एक्स सर्विसमैन कॉर्पाेरेशन के माध्यम से 45 प्रतिशत वेतन बढ़ाया है। राज्य सैनिक बोर्ड का भवन बनाने के लिए 20 करोड़ और 4000 वर्ग गज जमीन कालवाड़ रोड पर, सेकंड वर्ल्ड वार की वीर नारियों को पेंशन चार हजार से बढ़ाकर दस हजार महिना तथा इसमें शाहिद हुए सैनिकों के वारिसान को सरकारी नौकरी, सैनिकों के डाटा का डिजिटलीकरण, शहीदों को मिलने वाले पैकेज को 25 लाख से बढ़ाकर 50 लाख रुपये करने जैसे निर्णय मुख्यमंत्री गहलोत द्वारा सैनिकों के प्रति सम्मान और संवेदनशीलता को दर्शाता है।
उन्होंने कहा कि रिटायरमेंट के बाद सैनिकों की बहुत सारी विसंगतियां थीं, जिन्हें दूर किया गया है। पूर्व में किसी भी एग्जाम में 2 साल तक का टाइम रहता था, उसे 5 साल किया गया है। सरकारी नौकरियों में पूर्व सैनिकों के लिए 40 प्रतिशत अंक लाना अनिवार्य था, उसे 35 प्रतिशत कर दिया गया। इसे और भी कम करते हुए पर्याप्त संख्या में पूर्व सैनिक नहीं मिलने पर 30 प्रतिशत तक लाया गया है। उन्होंने कहा कि ऐसे में हम सभी का कर्तव्य है कि देश की रक्षा करने वाले सैनिकों तथा उनके परिवारजनों का सम्मान एवं उनकी समस्याओं का निराकरण प्राथमिकता से करना चाहिए। उन्होंने राजस्थान विजन 2030 के बारें में जानकारी देते हुए कहा कि भूतपूर्व सैनिक अपने सुझाव ऑनलाईन एवं कार्यालय की ओर से दे सकते है।
जिला सैनिक कल्याण अधिकारी कर्नल(से.नि.) गजेंद्र सिंह राठौड़ ने सशस्त्र सेना झण्डा दिवस के बारें में जानकारी देते हुए विभिन्न भूतपूर्व सैनिकेों की ओर से प्राप्त समस्याओं को अति0 जिला कलक्टर डॉ.भास्कर विश्नोई के समक्ष प्रस्तुत करते हुए शस्त्र लाईसेंस के नवीनीकरण, वेस्टलेंड भूमि आवंटन , बैक से संबंधित एवं अन्य समस्याओं के बारें में अवगत कराया गया , जिस पर अति. जिला कलक्टर ने कहा कि सैनिको को हमेशा सम्मान किया जाता रहा है एवं उनके कार्याे के प्रति हमेशा संवेदनशील है। आपकी कोई भी समस्या हो तो आप व्यक्तिगत संपर्क कर सकते है, आपके कार्याे का त्वरित गति से निस्तारण किया जाएगा। उन्होंने समस्याओं के बारें में नियम व प्रक्रिया की पूर्ण जानकारी दी।
कार्यक्रम से पहले अतिरिक्त जिला कलक्टर, डॉ. भास्कर बिश्नोई ने उपाध्यक्ष बाजिया का पुष्प गुच्छ भेंट कर स्वागत सत्कार, जिला सैनिक कल्याण अधिकारी कर्नल(से.नि.) गजेंद्र सिंह राठौड़ ने साफा एवं बैठक में उपस्थित सभी गौरव सेनानियों ने पुष्पहार से मान-सम्मान किया।
’शहीद वीरांगना का किया सम्मान’- राज्य स्तरीय सैनिक कल्याण सलाहकार समिति के उपाध्यक्ष राम सहाय बाजिया ने आत्मा सभागार में आयोजित सैनिक संवाद एवं सम्मान कार्यक्रम में ग्राम छीबा के शहीद भंवर सिंह की धर्मपत्नी शहीद वीरांगना गुलाब कंवर का शॉल ओढ़ाकर सम्मान किया। इस दौरान भूतपूर्व सैनिकों ने अपनी समस्याओं से भी अवगत करवाया। कार्यक्रम में जिला सैनिक कल्याण अधिकारी कर्नल (से.नि.) गजेंद्र सिंह राठौड़ ने जिले के सैनिक कल्याण कार्यालय का विभागीय विवरण प्रस्तुत किया। कार्यक्रम में शहीदों के आश्रित उनके परिजन सहित गौरव सेनानी उपस्थित रहे।
इस मौके बैठक में केप्टन नारायणसिंह, सरदारसिंह, रतनसिंह, उदयसिंह, करणसिंह, डूगरसिंह, करणसिंह, पाली कार्यालय से सुखराम गुर्जर रतनसिंह समेत करीब 45 भूतपूर्व सैनिकों ने भाग लिया।




